मौसम अलर्ट- इन राज्यों में IMD ने जारी किया बारिश का अलर्ट, देखें अगले 24 घंटे का मौसम पूर्वानुमान

नई दिल्ली : देश के कई राज्यों में दिवाली के पटाखों के बाद आसमान में स्मॉग छाया हुआ है जिससे दिनभर धूप कम ही दिखाई दी है। प्रदूषण की एक परत आसमान के हिस्से पर छाई हुई है जिससे पूरे दिन सूरज देवता भी कम ही नजर आए।

दिल्‍ली एनसीआर में दिवाली पर खूब पटाखे जलाए जाने के बाद घने स्‍माग की मोटी परत छायी हुई है। इसकी वजह से कई हिस्सों में लोगों को गले में जलन और आंखों में पानी आने की दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। वहीं सांस के मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

इस बीच मौसम विभाग ने जानकारी दी है कि बंगाल की खाड़ी पर फिर एक कम दबाव का क्षेत्र बन रहा है जिसके उत्‍तर पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है।

मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तेज हवाएं चलने का अनुमान जताया है। इससे दिल्‍ली एनसीआर की आबोहवा को स्‍माग और प्रदूषक कणों से मुक्ति मिलने की उम्‍मीद जगी है।
समाचार एजेंसी पीटीआइ ने भारत मौसम विज्ञान विभाग के हवाले से अपनी रिपोर्ट में कहा है कि दिल्‍ली एनसीआर के इलाकों में आने वाले दिनों में सुबह आंशिक बादल और छाए रहेंगे और मध्यम धुंध बरकरार रहेगी। हालांकि दिन चढने के साथ ही हवा तेजी आएगी। इससे दिल्‍ली के लोगों को अपेक्षाकृत थोड़ी राहत मिलेगी।

वहीं मौसम विभाग की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक बंगाल की खाड़ी पर फि‍र एक कम दबाव का क्षेत्र बन रहा है जिसके भारत के पश्चिमी तट से पश्चिम उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है।
मौसम विभाग ने 06 से 10 नवंबर के दौरान देश के विभिन्‍न इलाकों में भारी वर्षा और तेज आंधियां चलने की चेतावनी दी है। मौसम विभाग की मानें तो अगले पांच दिनों तक तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश की गतिवि‍धियां देखी जाएंगी।

जारी बयान में कहा गया है कि आठ नवंबर को केरल और माहे के ऊपर जबकि आठ और नौ नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यनम के विभिन्‍न इलाकों में भारी बारिश संभव है।

वहीं मौसम का पूर्वानुमान जारी करने वाली निजी एजेंसी स्‍काइमेट वेदर ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि अरब सागर पर भी निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है जो जल्द गहरे निम्न दबाव में तब्‍दील हो जाएगा। इसके प्रभाव की वजह से अगले दो दिनों के दौरान कर्नाटक, केरल और महाराष्ट्र के तटवर्ती इलाकों में हल्की से मध्यम या भारी बारिश का अनुमान है।

देश भर में बने मौसमी सिस्टम
पूर्वी मध्य और उससे सटे दक्षिणपूर्व अरब सागर के ऊपर एक निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। यह आज शाम तक गहरे निम्न दबाव में और सशक्त हो सकता है और अगले 24 घंटों में एक डिप्रेशन में बदल सकता है। इसके भारतीय तट से दूर पश्चिम उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने की उम्मीद है। संबद्ध चक्रवाती परिसंचरण औसत समुद्र तल से 5.8 किमी तक फैला हुआ है।

कम दबाव के क्षेत्र से जुड़े चक्रवाती परिसंचरण से एक ट्रफ रेखा दक्षिण गुजरात के तट तथा पूर्वोत्तर अरब सागर तक फैली हुई है। एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र आंध्र प्रदेश तट के पास पश्चिम मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर समुद्र तल से 5.8 किमी तक फैला हुआ है।

एक और चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र दक्षिण पूर्व बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना हुआ है।

पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल

पिछले 24 घंटों के दौरान, तटीय कर्नाटक, लक्षद्वीप और तमिलनाडु और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के कुछ हिस्सों में एक या दो भारी बारिश के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई। तमिलनाडु के शेष हिस्सों, तटीय आंध्र प्रदेश, कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों और जम्मू-कश्मीर में हल्की से मध्यम बारिश हुई। रायलसीमा और केरल में हल्की बारिश हुई।

अगले 24 घंटों के दौरान मौसम की संभावित गतिविधि

अगले 24 घंटों के दौरान, तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, तटीय कर्नाटक और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के कुलसुम हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ एक दो स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है।

लक्षद्वीप, केरल, कोंकण और गोवा और मध्य महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश के साथ कहीं कहीं मध्यम वर्षा संभव है। दक्षिण गुजरात में छिटपुट हल्की बारिश या बहुत हल्की बूंदाबांदी संभव है। उत्तर-पश्चिम दिशा से मध्यम से तेज हवाओं से दिल्ली सहित उत्तरी मैदानी इलाकों में वायु प्रदूषण से कुछ राहत मिल सकती है।

साभार: skymetweather.com